कोलकाता पंचांग
गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026 · West Bengal
पंचांग के पाँच अंग
- तिथि
- कृष्ण पंचमी 12:35 PM तक, फिर कृष्ण षष्ठी 10:15 AM (अगले दिन) तक
- वार
- गुरुवार
- नक्षत्र
- कृत्तिका 06:02 AM तक, फिर रोहिणी 04:27 AM (अगले दिन) तक, फिर मृगशिरा 02:55 AM (अगले दिन) तक
- योग
- सिद्धि 09:18 PM तक, फिर व्यतीपात 06:17 PM (अगले दिन) तक
- करण
- तैतिल 12:35 PM तक, फिर गर 11:25 PM तक, फिर वणिज 10:15 AM (अगले दिन) तक
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- 05:27 AM
- सूर्यास्त
- 05:24 PM
- चंद्रोदय
- 08:49 PM
- चंद्रास्त
- 09:59 AM
- चंद्र राशि
- वृषभ 03:40 PM (अगले दिन) तक
- सूर्य राशि
- कन्या
शुभ-अशुभ समय
- राहु काल
- 12:55 PM – 02:25 PM
- यमगण्ड
- 05:27 AM – 06:57 AM
- गुलिक काल
- 08:26 AM – 09:56 AM
- अभिजित मुहूर्त
- 11:02 AM – 11:50 AM
मास और संवत
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- मास (अमांत)
- भाद्रपद
- मास (पूर्णिमांत)
- आश्विन
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
आपकी कुंडली के लिए आज
पंचांग सबके लिए एक है; आपकी कुंडली पर इसका असर आपकी चंद्र राशि और दशा पर निर्भर है। आज का राशिफल · मुफ़्त कुंडली बनाएँ
दूसरे शहरों का पंचांग
समय कोलकाता के स्थानीय समय में। सूर्योदय सूर्य के ऊपरी किनारे से, अपवर्तन सहित; तिथि और करण चंद्र-सूर्य के अंतर से; नक्षत्र और योग लाहिरी अयनांश से। स्थानीय परंपरा के अनुसार व्रत-त्योहार एक दिन आगे-पीछे हो सकते हैं। गणना कैसे होती है