वाराणसी पंचांग
शुक्रवार, 22 जनवरी 2027 · Uttar Pradesh
पूर्णिमा
पंचांग के पाँच अंग
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा 05:47 PM तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा 02:13 PM (अगले दिन) तक
- वार
- शुक्रवार
- नक्षत्र
- पुनर्वसु 10:25 AM तक, फिर पुष्य 07:31 AM (अगले दिन) तक
- योग
- विष्कम्भ 01:50 PM तक, फिर प्रीति 09:38 AM (अगले दिन) तक
- करण
- विष्टि (भद्रा) 07:38 AM तक, फिर बव 05:47 PM तक, फिर बालव 03:58 AM (अगले दिन) तक, फिर कौलव 02:13 PM (अगले दिन) तक
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- 06:44 AM
- सूर्यास्त
- 05:34 PM
- चंद्रोदय
- 05:28 PM
- चंद्रास्त
- 06:29 AM
- चंद्र राशि
- कर्क 04:53 AM (अगले दिन) तक
- सूर्य राशि
- मकर
शुभ-अशुभ समय
- राहु काल
- 10:48 AM – 12:09 PM
- यमगण्ड
- 02:52 PM – 04:13 PM
- गुलिक काल
- 08:05 AM – 09:27 AM
- अभिजित मुहूर्त
- 11:47 AM – 12:31 PM
मास और संवत
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- मास (अमांत)
- पौष
- मास (पूर्णिमांत)
- पौष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
आपकी कुंडली के लिए आज
पंचांग सबके लिए एक है; आपकी कुंडली पर इसका असर आपकी चंद्र राशि और दशा पर निर्भर है। आज का राशिफल · मुफ़्त कुंडली बनाएँ
दूसरे शहरों का पंचांग
समय वाराणसी के स्थानीय समय में। सूर्योदय सूर्य के ऊपरी किनारे से, अपवर्तन सहित; तिथि और करण चंद्र-सूर्य के अंतर से; नक्षत्र और योग लाहिरी अयनांश से। स्थानीय परंपरा के अनुसार व्रत-त्योहार एक दिन आगे-पीछे हो सकते हैं। गणना कैसे होती है