लाल किताब · राहु

लाल किताब: नौवें भाव में राहु

भाग्य के घर में राहु: असामान्य रास्तों से भाग्य, जो बड़ों और आस्था के सम्मान से स्थिर रहता है।

सावधानी चाहिए

लाल किताब क्या कहती है

नौवां घर गुरु का है, जो राहु को शत्रु मानता है, और लाल किताब सावधानी मांगती है। भाग्य विदेश या लीक से हटकर रास्तों से आ सकता है, पर व्यक्ति परंपरा से भटक सकता है या बड़ों से टकरा सकता है। किताब इस राहु के भाग्य को पिता, गुरु और परिवार की आस्था के सम्मान से जोड़ती है।

यहां राहु ऐसा क्यों करता है

नौवां भाव गुरु (सम ग्रह का) का पक्का घर है, इसलिए यहां राहु मेहमान है। राहु का अपना घर बारहवां है।

घर के स्वामी से इसका रिश्ता सम है: फल ज़्यादातर इस पर निर्भर है कि कुंडली में यह और किन ग्रहों से जुड़ा है।

भाव के स्वामी: गुरुराहु का पक्का घर: बारहवां

उपाय

  1. पिता और गुरुजनों का सम्मान करें
  2. केसर या हल्दी का तिलक लगाएं
  3. पूजा-स्थल पर जौ दें

लाल किताब का नियम: एक समय में एक ही उपाय, 43 दिन लगातार, दिन के उजाले में, और ख़ुद करें। बीच में छूट जाए तो फिर से शुरू करें। उपाय के नियम

किन बातों से बचें

  • परिवार की आस्था का मज़ाक
  • बड़ों से बहस

क्या आपका राहु नौवें भाव में है?

लाल किताब भाव आपके लग्न से गिनती है, इसलिए हर व्यक्ति के लिए राहु अलग भाव में होता है। मुफ़्त कुंडली में अपना नौवां भाव देखें। अगर वहां राहु नहीं है, तो HeyKundli बताएगा कि वहां कौन है और आपका राहु कहां है।

अपना नौवां भाव देखें →

लाल किताब में राहु

राहु अचानक मोड़, अनजानी चीज़ें, विदेश, महत्वाकांक्षा और भ्रम का ग्रह है। परिवार में: ससुराल, और ननिहाल। इसकी चीज़ें: जौ, कोयला, मूली, नारियल, और नीला या गहरा कपड़ा।

राहु के बारे में सब →

लाल किताब में नौवां भाव

भाग्य और पूर्वजों का घर: भाग्य, पूर्वज, आस्था, लंबी यात्राएं और बड़ों का आशीर्वाद।

नौवां भाव के बारे में सब →

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

लाल किताब में नौवें भाव में राहु शुभ है या अशुभ?

लाल किताब इसे "सावधानी चाहिए" मानती है। भाग्य के घर में राहु: असामान्य रास्तों से भाग्य, जो बड़ों और आस्था के सम्मान से स्थिर रहता है।

नौवें भाव में राहु का सबसे अच्छा लाल किताब उपाय क्या है?

पिता और गुरुजनों का सम्मान करें। एक समय में एक ही उपाय करें, 43 दिन लगातार, दिन के उजाले में।

कैसे जानें कि मेरा राहु नौवें भाव में है?

लाल किताब में भाव लग्न से गिने जाते हैं, इसलिए यह आपके जन्म के समय और स्थान पर निर्भर करता है। HeyKundli की मुफ़्त कुंडली इसे दिखाती है।

ये पारंपरिक लाल किताब पद्धतियां हैं, हमारे शब्दों में। ये चिकित्सा, कानूनी या आर्थिक सलाह की जगह नहीं लेतीं। हम कभी रत्न, महंगे अनुष्ठान या डराने वाली भविष्यवाणियां नहीं सुझाते। कुंडली की गणना कैसे होती है