काठमांडू पंचांग
सोमवार, 13 अप्रैल 2026 · Nepal
एकादशी (व्रत)
पंचांग के पाँच अंग
- तिथि
- कृष्ण एकादशी 01:24 AM (अगले दिन) तक, फिर कृष्ण द्वादशी 12:27 AM (अगले दिन) तक
- वार
- सोमवार
- नक्षत्र
- धनिष्ठा 04:18 PM तक, फिर शतभिषा 04:21 PM (अगले दिन) तक
- योग
- शुभ 05:31 PM तक, फिर शुक्ल 03:54 PM (अगले दिन) तक
- करण
- बव 01:34 PM तक, फिर बालव 01:24 AM (अगले दिन) तक, फिर कौलव 01:01 PM (अगले दिन) तक
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- 05:41 AM
- सूर्यास्त
- 06:27 PM
- चंद्रोदय
- 02:57 AM
- चंद्रास्त
- 02:19 PM
- चंद्र राशि
- कुंभ 09:52 AM (अगले दिन) तक
- सूर्य राशि
- मीन
शुभ-अशुभ समय
- राहु काल
- 07:17 AM – 08:52 AM
- यमगण्ड
- 10:28 AM – 12:04 PM
- गुलिक काल
- 01:40 PM – 03:16 PM
- अभिजित मुहूर्त
- 11:38 AM – 12:30 PM
मास और संवत
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- मास (अमांत)
- चैत्र
- मास (पूर्णिमांत)
- वैशाख
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
आपकी कुंडली के लिए आज
पंचांग सबके लिए एक है; आपकी कुंडली पर इसका असर आपकी चंद्र राशि और दशा पर निर्भर है। आज का राशिफल · मुफ़्त कुंडली बनाएँ
पंचांग क्या है
पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। तिथि चंद्रमा और सूर्य के बीच के 12 अंश के अंतर से बनती है, इसलिए एक चंद्र मास में 30 तिथियाँ होती हैं। नक्षत्र चंद्रमा की स्थिति से, और योग सूर्य-चंद्र के जोड़ से निकलता है।
पंचांग सूर्योदय पर आधारित है, इसलिए हर शहर का पंचांग थोड़ा अलग होता है: तिथि का अंत एक ही क्षण पर होता है, पर सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त शहर के अनुसार बदलते हैं।
यहाँ हर मान स्विस एफेमेरिस और लाहिरी अयनांश से गणना किया गया है, अनुमान से नहीं।
आज काठमांडू में कौन सी तिथि है?
सोमवार, 13 अप्रैल 2026 को काठमांडू में: कृष्ण एकादशी 01:24 AM (अगले दिन) तक, फिर कृष्ण द्वादशी 12:27 AM (अगले दिन) तक।
आज काठमांडू में राहु काल कब है?
सोमवार, 13 अप्रैल 2026 को काठमांडू में राहु काल 07:17 AM – 08:52 AM है। राहु काल दिन के आठ भागों में से एक है; परंपरा में इसमें नया काम शुरू नहीं किया जाता।
आज का नक्षत्र कौन सा है?
धनिष्ठा 04:18 PM तक, फिर शतभिषा 04:21 PM (अगले दिन) तक।
आज काठमांडू में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय 05:41 AM, सूर्यास्त 06:27 PM।
क्या हर शहर का पंचांग एक जैसा होता है?
नहीं। तिथि और नक्षत्र हर जगह एक ही क्षण पर बदलते हैं, पर सूर्योदय, राहु काल और शुभ मुहूर्त शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त पर निर्भर हैं।
दूसरे शहरों का पंचांग
समय काठमांडू के स्थानीय समय में। सूर्योदय सूर्य के ऊपरी किनारे से, अपवर्तन सहित; तिथि और करण चंद्र-सूर्य के अंतर से; नक्षत्र और योग लाहिरी अयनांश से। स्थानीय परंपरा के अनुसार व्रत-त्योहार एक दिन आगे-पीछे हो सकते हैं। गणना कैसे होती है