पंचांग

काठमांडू पंचांग

मंगलवार, 13 अप्रैल 2027 · Nepal

पंचांग के पाँच अंग

तिथि
शुक्ल सप्तमी 05:44 PM तक, फिर शुक्ल अष्टमी 03:39 PM (अगले दिन) तक
वार
मंगलवार
नक्षत्र
आर्द्रा 12:28 PM तक, फिर पुनर्वसु 11:07 AM (अगले दिन) तक
योग
अतिगण्ड 02:14 PM तक, फिर सुकर्मा 11:25 AM (अगले दिन) तक
करण
गर 06:47 AM तक, फिर वणिज 05:44 PM तक, फिर विष्टि (भद्रा) 04:41 AM (अगले दिन) तक, फिर बव 03:39 PM (अगले दिन) तक

सूर्य और चंद्र

सूर्योदय
05:41 AM
सूर्यास्त
06:27 PM
चंद्रोदय
10:39 AM
चंद्रास्त
12:12 AM
चंद्र राशि
मिथुन 05:27 AM (अगले दिन) तक, फिर कर्क 08:33 AM (अगले दिन) तक
सूर्य राशि
मीन

शुभ-अशुभ समय

राहु काल
03:16 PM – 04:51 PM
यमगण्ड
08:53 AM – 10:28 AM
गुलिक काल
12:04 PM – 01:40 PM
अभिजित मुहूर्त
11:39 AM – 12:30 PM

मास और संवत

पक्ष
शुक्ल पक्ष
मास (अमांत)
चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949

आपकी कुंडली के लिए आज

पंचांग सबके लिए एक है; आपकी कुंडली पर इसका असर आपकी चंद्र राशि और दशा पर निर्भर है। आज का राशिफल · मुफ़्त कुंडली बनाएँ

काठमांडू में इस हफ़्ते का राहु काल · काठमांडू का चौघड़िया

पंचांग क्या है

पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। तिथि चंद्रमा और सूर्य के बीच के 12 अंश के अंतर से बनती है, इसलिए एक चंद्र मास में 30 तिथियाँ होती हैं। नक्षत्र चंद्रमा की स्थिति से, और योग सूर्य-चंद्र के जोड़ से निकलता है।

पंचांग सूर्योदय पर आधारित है, इसलिए हर शहर का पंचांग थोड़ा अलग होता है: तिथि का अंत एक ही क्षण पर होता है, पर सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त शहर के अनुसार बदलते हैं।

यहाँ हर मान स्विस एफेमेरिस और लाहिरी अयनांश से गणना किया गया है, अनुमान से नहीं।

आज काठमांडू में कौन सी तिथि है?

मंगलवार, 13 अप्रैल 2027 को काठमांडू में: शुक्ल सप्तमी 05:44 PM तक, फिर शुक्ल अष्टमी 03:39 PM (अगले दिन) तक।

आज काठमांडू में राहु काल कब है?

मंगलवार, 13 अप्रैल 2027 को काठमांडू में राहु काल 03:16 PM – 04:51 PM है। राहु काल दिन के आठ भागों में से एक है; परंपरा में इसमें नया काम शुरू नहीं किया जाता।

आज का नक्षत्र कौन सा है?

आर्द्रा 12:28 PM तक, फिर पुनर्वसु 11:07 AM (अगले दिन) तक।

आज काठमांडू में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय 05:41 AM, सूर्यास्त 06:27 PM।

क्या हर शहर का पंचांग एक जैसा होता है?

नहीं। तिथि और नक्षत्र हर जगह एक ही क्षण पर बदलते हैं, पर सूर्योदय, राहु काल और शुभ मुहूर्त शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त पर निर्भर हैं।

दूसरे शहरों का पंचांग

समय काठमांडू के स्थानीय समय में। सूर्योदय सूर्य के ऊपरी किनारे से, अपवर्तन सहित; तिथि और करण चंद्र-सूर्य के अंतर से; नक्षत्र और योग लाहिरी अयनांश से। स्थानीय परंपरा के अनुसार व्रत-त्योहार एक दिन आगे-पीछे हो सकते हैं। गणना कैसे होती है