पटना पंचांग
शनिवार, 29 नवंबर 2025 · Bihar
पंचांग के पाँच अंग
- तिथि
- शुक्ल नवमी 11:15 PM तक, फिर शुक्ल दशमी 09:29 PM (अगले दिन) तक
- वार
- शनिवार
- नक्षत्र
- पूर्वा भाद्रपद 02:22 AM (अगले दिन) तक, फिर उत्तरा भाद्रपद 01:11 AM (अगले दिन) तक
- योग
- हर्षण 09:27 AM तक, फिर वज्र 07:12 AM (अगले दिन) तक
- करण
- बालव 11:51 AM तक, फिर कौलव 11:15 PM तक, फिर तैतिल 10:28 AM (अगले दिन) तक
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- 06:16 AM
- सूर्यास्त
- 04:58 PM
- चंद्रोदय
- 12:44 PM
- चंद्रास्त
- 12:00 AM
- चंद्र राशि
- कुंभ 08:33 PM तक, फिर मीन 11:18 PM (अगले दिन) तक
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
शुभ-अशुभ समय
- राहु काल
- 08:57 AM – 10:17 AM
- यमगण्ड
- 12:57 PM – 02:18 PM
- गुलिक काल
- 06:16 AM – 07:37 AM
- अभिजित मुहूर्त
- 11:16 AM – 11:59 AM
मास और संवत
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- मास (अमांत)
- मार्गशीर्ष
- मास (पूर्णिमांत)
- मार्गशीर्ष
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
आपकी कुंडली के लिए आज
पंचांग सबके लिए एक है; आपकी कुंडली पर इसका असर आपकी चंद्र राशि और दशा पर निर्भर है। आज का राशिफल · मुफ़्त कुंडली बनाएँ
पंचांग क्या है
पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। तिथि चंद्रमा और सूर्य के बीच के 12 अंश के अंतर से बनती है, इसलिए एक चंद्र मास में 30 तिथियाँ होती हैं। नक्षत्र चंद्रमा की स्थिति से, और योग सूर्य-चंद्र के जोड़ से निकलता है।
पंचांग सूर्योदय पर आधारित है, इसलिए हर शहर का पंचांग थोड़ा अलग होता है: तिथि का अंत एक ही क्षण पर होता है, पर सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त शहर के अनुसार बदलते हैं।
यहाँ हर मान स्विस एफेमेरिस और लाहिरी अयनांश से गणना किया गया है, अनुमान से नहीं।
आज पटना में कौन सी तिथि है?
शनिवार, 29 नवंबर 2025 को पटना में: शुक्ल नवमी 11:15 PM तक, फिर शुक्ल दशमी 09:29 PM (अगले दिन) तक।
आज पटना में राहु काल कब है?
शनिवार, 29 नवंबर 2025 को पटना में राहु काल 08:57 AM – 10:17 AM है। राहु काल दिन के आठ भागों में से एक है; परंपरा में इसमें नया काम शुरू नहीं किया जाता।
आज का नक्षत्र कौन सा है?
पूर्वा भाद्रपद 02:22 AM (अगले दिन) तक, फिर उत्तरा भाद्रपद 01:11 AM (अगले दिन) तक।
आज पटना में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय 06:16 AM, सूर्यास्त 04:58 PM।
क्या हर शहर का पंचांग एक जैसा होता है?
नहीं। तिथि और नक्षत्र हर जगह एक ही क्षण पर बदलते हैं, पर सूर्योदय, राहु काल और शुभ मुहूर्त शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त पर निर्भर हैं।
दूसरे शहरों का पंचांग
पटना के व्रत और त्योहारयह पंचांग अपनी वेबसाइट पर लगाएँ
समय पटना के स्थानीय समय में। सूर्योदय सूर्य के ऊपरी किनारे से, अपवर्तन सहित; तिथि और करण चंद्र-सूर्य के अंतर से; नक्षत्र और योग लाहिरी अयनांश से। स्थानीय परंपरा के अनुसार व्रत-त्योहार एक दिन आगे-पीछे हो सकते हैं। गणना कैसे होती है